Friday, 3 April 2020

आइए राशियो के बारे मे जाने

                       


      राशियाँ


मेषो वृषोSथ मिथुन: कर्कट: सिंहकन्यके  |
तुलाSथ वृश्चिको धन्वी मकर: कुंभमीनकौ  || 



जन्‍म समय पर जन्‍म स्‍थान से अगर आकाश को देखें तो उस समय की ग्रह स्थिति को कुण्‍डली कहते हैं। पृथ्‍वी से देखने से ग्रह एक गोले में घूमते हुए से प्रतीत होते हैं इस गोले को राशिचक्र कहते हैं। इस राशिचक्र को अगर बारह बराबर भागों में बांटा जाये, तो हर एक भाग को एक राशि कहते हैं। इन बारह राशियों के नाम हैं- 1 मेष, 2 वृषभ, 3 मिथुन, 4 कर्क, 5 सिंह, 6 कन्‍या, 7 तुला, 8 वृश्चिक, 9 धनु, 10 मकर, 11 कुंभ और 12 मीन। राशियों का क्रम याद रखना बहुत जरूरी है क्‍योंकि कुण्‍डली में राशियों नम्‍बर ही लिखे जाते हैं


एक गोले को गणित में 360 अंश यानि कि डिग्री में नापा जाता है। इसलिए एक राशि, जो राशिचक्र का बारहवाँ भाग है 360 भागित 12 यानि िक 30 अंश की हुई। फ़िलहाल ज़्यादा गणित में जाने की बजाय बस इतना जानना काफी होगा कि हर राशि 30 अंशों की होती है




अनुक्रम
चिन्ह
संस्कृत नाम
अंग्रेज़ी अनुवाद




1

मेष
Aries (The Ram)
2
वृष
   Taurus (The Bull)
3
मिथुन
               Gemini(TheTwins)
4
कर्क
   Cancer (The Crab)
5
सिंह
     Leo (The Lion)
6
कन्या
   Virgo (The Maiden)
7
तुला
     Libra (The Scales)
8
वृश्चिक
    Scorpio     (TheScorpion)
9
धनु
                   
   Sagittarius                (Centaur The Archer)
10
मकर
     
  Capricorn ("Goat-horned" The Sea-Goat)
11
कुम्भ
               
  Aquarius (The Water        Bearer)
12
मीन
                 
     
 Pisces (The Fish)                                                       



                ||    अथ राशिज्ञानम्     ।।


आलाई मेषसंज्ञः स्यात् बावाउ वृष उच्यते ।।
काछाघा मिथुनः   प्रोक्तो डाहाकर्कट उच्यते1 ।।1।।

माटा सिंहश्च पाठाणां कन्यका कथ्यते बुधै: ।।
राता तूला तथा नार्या वृश्चिकः कथ्यते बुधै: ।।2।।

भाधाफाढा घनुः   प्रोक्तो खाजा मकरसंज्ञकः।।
गोसाकुंभस्तथा दाचा झाथा मीनश्च कथ्यते ।।3।।                

 राशि 
 अक्षर 
मेष
 आला ई 
वृष
 बावाऊ 
मिथुन
काचाघाक्षा  
कर्क
 डा हा 
सिंह
 मा टा 
कन्या
 पा ठ ण 
तुला
 रा ता 
वृश्चिक
 नार्या 
धनु
 भा धा फा ढा 
मकर
 खाजा (ज्ञ ) 
कुम्भ
 गोसा (श -षा) 
मीन
दा चा झा था



                              


               राशिस्वामिनः



मेष वृश्चिकयोर्भौम:     शुक्रो  वृषतुलाधिपः।
बुध: कन्यामिथुनयो  प्रोक्त:   कर्कस्य चन्द्रमा: ।।1।।

स्यान्मीनधनुषोर्जीवः    शनिर्मकरकुंभयोः  ।
सिंहस्याधिपति: सूर्यो राश्यधीशा: प्रकीर्तिता: ||2||



राशि
स्वामी
मेष
 भौम 
वृष
 शुक्र 
मिथुन
 बुध 
कर्क
 चन्द्रमा 
सिंह
 सूर्य 
कन्या
 बुध 
तुला
 शुक्र 
वृश्चिक
 भौम 
धनु
 बृहस्पति 
मकर
 शनि 
कुम्भ
 शनि 
मीन
 बृहस्पति 



                                   JUGAL VYAS
















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HAR MAHADEV

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